अक्षय तृतीया 2026: वृंदावन की दिव्य चंदन यात्रा और आध्यात्मिक रहस्यों का महासंगम
अक्षय तृतीया, जिसे ‘आखा तीज’ भी कहा जाता है, सनातन धर्म में एक ‘अबूझ मुहूर्त’ है। यानी इस दिन कोई […]
अक्षय तृतीया, जिसे ‘आखा तीज’ भी कहा जाता है, सनातन धर्म में एक ‘अबूझ मुहूर्त’ है। यानी इस दिन कोई […]
खिचड़ी उत्सव के बाद अब बसंत उत्सव प्रारंभ हो जाता है इस साल बसंत उत्सव 23 जनवरी को है !
▐ खिचड़ी उत्सव श्रीराधावल्लभ सम्प्रदाय में बहुत प्राचीन काल से मनाया जाता है । यह उत्सव पौष शुक्ला दौज से
▌ व्याहुला ( विवाह उत्सव ) के पद खेलत रास दुलहिनी दूलहु ।सुनहु न सखी सहित ललितादिक, निरखि-निरखि नैननि किन
“भक्त नामावली” (भक्तों की सूची) को सुनने या पढ़ने से सभी संतों का स्मरण होता है, जिससे सभी कष्ट दूर
▌प्रिया जू की नामावली ललित रंगीली गाइये। तातें प्रेम रंग रस पाइये ॥राधा गोरी मोहिनी, नवल किशोरी भाँम ।नित्य विहारिनी
॥ 1 ॥जै जै श्रीहरिवंश, व्यास-कुल- मण्डना । रसिक अनन्यनि मुख्य गुरु, जन भय खंडना ॥ श्रीवृन्दावन वास, रास रस
‘श्रीमद् भगवत महापुराण जो कि योगेश्वर श्रीकृष्ण का साक्षात् वाङ्मय स्वरुप है, के दशम स्कन्ध को भगवत का हृदय माना
श्री कुंज बिहारी भगवान कृष्ण के कई नामों में से एक है, जहाँ बिहारी शब्द कृष्ण के लिए है और